प्रयागराज। माननीय मुख्यमंत्री उत्तर प्रदेश योगी आदित्यनाथ ने शनिवार को प्रयागराज मेला प्राधिकरण स्थित आईसीसीसी सभागार में माघ मेला 2026 के आगामी प्रमुख स्नान पर्वों की तैयारियों के संबंध में एक विस्तृत समीक्षा बैठक की। बैठक में माघ मेला के सफल, सुरक्षित एवं सुव्यवस्थित आयोजन को लेकर अब तक की गई तैयारियों की गहन समीक्षा की गई और संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए।
प्रदेश के मुख्यमंत्री को मंडलायुक्त श्रीमती सौम्या अग्रवाल ने पावर प्रेजेंटेशन के माध्यम से माघ मेला 2026 के आयोजन, व्यवस्थाओं, सुरक्षा, स्वच्छता, यातायात एवं श्रद्धालुओं की सुविधाओं से जुड़ी तैयारियों की विस्तार से जानकारी दी। मुख्यमंत्री ने कहा कि 14 से 18 जनवरी के बीच कम समय में दो महत्वपूर्ण स्नान पर्व संपन्न कराना प्रशासन के लिए एक बड़ी चुनौती है, जिसे पूरी जिम्मेदारी, तत्परता और समन्वय के साथ सफल बनाना होगा। उन्होंने सभी अधिकारियों से कहा कि वे अभी से पूरी लगन के साथ अपने दायित्वों का निर्वहन करें, ताकि किसी भी प्रकार की अव्यवस्था न हो।
मुख्यमंत्री ने पौष पूर्णिमा स्नान पर्व को सकुशल संपन्न कराने पर माघ मेला में तैनात सभी संबंधित अधिकारियों की प्रशंसा की। साथ ही निर्देश दिए कि मेले में साफ-सफाई की व्यवस्था उच्च स्तर की होनी चाहिए। उन्होंने घाटों के स्नान क्षेत्र एवं सर्कुलेटिंग एरिया को और बढ़ाने के निर्देश दिए, ताकि अधिक संख्या में श्रद्धालु एक साथ बिना किसी परेशानी के स्नान कर सकें। मुख्यमंत्री ने स्पष्ट कहा कि श्रद्धालु गंगा नदी में कपड़े, प्लास्टिक थैलियां या पूजा सामग्री न फेंकें और स्नान के दौरान साबुन आदि का प्रयोग न करें, जिससे गंगा जल की स्वच्छता और निर्मलता बनी रहे।
मुख्यमंत्री ने मेला क्षेत्र में कार्यरत स्वच्छाग्रहियों के मानदेय का समय से भुगतान सुनिश्चित करने तथा उन्हें व उनके बच्चों को शिक्षा सहित अन्य आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। नगर निगम को सख्त हिदायत दी गई कि सड़कों पर किसी भी प्रकार का अतिक्रमण न होने पाए और रोड व पाथवे पूरी तरह खुले रहें, जिससे श्रद्धालुओं को आवागमन में किसी प्रकार की कठिनाई न हो। साथ ही अनावश्यक एवं अवैध रूप से लगी होर्डिंग्स को तत्काल हटाने के निर्देश भी दिए गए।
श्रद्धालुओं की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता बताते हुए मुख्यमंत्री जी ने पुलिस विभाग को मेला क्षेत्र में नियमित पेट्रोलिंग करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि मेला क्षेत्र में मादक पदार्थों की बिक्री किसी भी स्थिति में न होने पाए और किसी भी अराजक तत्व को शांति व्यवस्था भंग करने का अवसर न मिले। इसके लिए पुलिस को लगातार सतर्क एवं सक्रिय रहने के निर्देश दिए गए। मुख्यमंत्री जी ने यह भी कहा कि मुख्य स्नान पर्वों के दौरान संगम नोज पर अत्यधिक भीड़ का दबाव रहता है, इसलिए वहां विशेष प्रबंध पहले से सुनिश्चित किए जाएं।
ठंड के मौसम को ध्यान में रखते हुए मुख्यमंत्री ने पर्याप्त संख्या में अलाव जलाने और जरूरतमंदों को चिन्हित कर कंबल वितरण सुनिश्चित कराने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि संत-महात्माओं, श्रद्धालुओं एवं स्नानार्थियों के साथ पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों का व्यवहार विनम्र और सहयोगात्मक होना चाहिए। इसके साथ ही मेले में शासन की जनकल्याणकारी योजनाओं का व्यापक प्रचार-प्रसार करने के निर्देश भी दिए गए, ताकि अधिक से अधिक लोगों को योजनाओं की जानकारी मिल सके।
बैठक में संत-महात्माओं द्वारा जगद्गुरु रामानन्दाचार्य जी का भव्य स्मारक बनाए जाने का अनुरोध भी रखा गया। मुख्यमंत्री ने इस पर सहमति जताते हुए प्रशासन को जमीन चिन्हीकरण सहित अन्य आवश्यक कार्यवाही शीघ्र करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि प्रयागराज अनेक ऋषि-मुनियों और संतों की तपोभूमि रही है, ऐसे में ऐसे स्मारक आध्यात्मिक और सांस्कृतिक विरासत को और सुदृढ़ करेंगे।
मुख्यमंत्री जी ने मुख्य स्नान पर्वों के दृष्टिगत बेहतर ट्रैफिक व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश देते हुए कहा कि अत्यधिक भीड़ की स्थिति में सीमावर्ती जनपदों में होल्डिंग एरिया की व्यवस्था भी सुनिश्चित की जाए। साथ ही सभी अधिकारियों को प्रमुख स्नान पर्वों पर स्वयं मॉनिटरिंग करने के निर्देश दिए।
बैठक से पूर्व मुख्यमंत्री ने माघ मेला 2026 के लिए विकसित ‘मेला सेवा एप’ का विमोचन किया। इस एप के माध्यम से श्रद्धालु क्यूआर कोड स्कैन कर अपनी शिकायतें एवं सुझाव सीधे प्रशासन तक पहुंचा सकेंगे।
इसके अलावा मुख्यमंत्री ने कहा कि जनप्रतिनिधियों द्वारा दिए गए सुझावों एवं प्रस्तावित कार्यों पर प्राथमिकता के आधार पर कार्रवाई की जाए। बैठक में उपस्थित विधायकों द्वारा रखे गए विभिन्न सुझावों पर भी मुख्यमंत्री ने संबंधित विभागों को आवश्यक निर्देश दिए।
प्रयागराज भ्रमण कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री ने संगम नोज पहुंचकर स्नान एवं पूजा-अर्चना की और मां त्रिवेणी से माघ मेला 2026 के सकुशल आयोजन की कामना की। इसके पश्चात उन्होंने लेटे हनुमान जी मंदिर में विधि-विधान से पूजा कर प्रदेश की खुशहाली की प्रार्थना की।
इस महत्वपूर्ण बैठक में कैबिनेट मंत्री, सांसद, विधायक, वरिष्ठ प्रशासनिक एवं पुलिस अधिकारी सहित बड़ी संख्या में जनप्रतिनिधि एवं अधिकारी उपस्थित रहे।
रिपोर्ट चीफ एडिटर- राकेश दिवाकर/अभिषेक चौधरी 9648518828,9454139866
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